|
|
|
|
|
|
|
आईआईजीजे लैब रत्नों एवं आभूषणों की गुणवत्ता के स्वतन्त्र मूल्यांकन के लिए जैम एंड ज्वैलरी उद्योग को सेवाएं प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है। आईआईजीजे को रूबी की पहचान के लिए अपनी सेवाएं प्रदान करने के लिए जाना जाता है और बड़ी संख्या में रत्न निर्माता, कारोबारी और रीटेलर उनकी सेवाओं का लाभ उठाते हैं। 6 नवम्बर 2025 से भारत सरकार के वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय द्वारा स्पॉन्सर्ड आईआईजीजे लैब (जीजेईपीसी इंडिया के एक प्रोजेक्ट)ने रूबी ट्रीटमेन्ट के विवरण को अपडेट किया है ताकि मुख्य जेमोलोजिकल लैबोरेटरीज़ के साथ तालमेल बनाया जा सके और वैज्ञानिक विश्लेषण एवं पारदर्शिता के सर्वोच्च स्तर को बनाए रखा जा सके। आमतौर पर रूबी को फ्लक्स (जैसे बोरेक्स) जैसी चीज़ों के इस्तेमाल से से गर्म किया जाता है, जिसे सिलिका-आधारित सामग्री या उच्च घनत्व वाले ग्लास युक्त तत्वों जैसे लैड, बिस्मथ, बेरियम, इट्रियम, ज़िरकोनियम आदि के साथ मिलाया जाता है। मौजूदा नीति के तहत इन सभी अवयवों का उल्लेख अलग से किया गया है, जिसे आईआईजीएल लैब द्वारा जारी रूबी की रिपोर्ट पर एकीकृत एवं सरल विवरण को दर्शाने के लिए अपडेट किया गया है। यहां आईआईजीएल लैब द्वारा जारी रूबी रिपोर्ट पर अपडेटेड विवरण/ ट्रीटमेन्ट का विवरण दिया गया है। आईआईजीएल लैब भारत सरकार के वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय द्वारा स्पॉन्सर्ड जैम एंड ज्वैलरी एक्सपोर्ट प्रोमोशन काउन्सिल का एक प्रोजेक्ट है। लैब का उद्देश्य कारोबार में मदद करना तथा उपभोक्ताओं को सोच-समझ कर फैसला लेने के लिए सक्षम बनाना है।
|